शाहबेरी में 131 करोड़ से बनेगा कवर्ड नाला, ऊपर से गुजरेगी सड़क; लाखों लोगों को मिलेगी राहत

गाजियाबाद। शहर में जलभराव की समस्या से निपटने और ड्रेनेज व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए नगर निगम ने बड़े स्तर पर तैयारी की है। शहर में दो बड़े नालों के निर्माण के लिए शासन स्तर से 215 करोड़ रुपये की मंजूरी मिल गई है। इनमें कविनगर आरडीसी फ्लाईओवर से जैन मंदिर होते हुए विवेकानंद नगर तक 84 करोड़ रुपये की लागत से नाला बनाया जाएगा, जबकि साउथ साइड औद्योगिक क्षेत्र रेलवे लाइन से एबीईएस कॉलेज होते हुए शाहबेरी तक 131 करोड़ रुपये की लागत से कवर्ड नाले का निर्माण होगा। इसके अतिरिक्त मोरटा गांव से राजनगर एक्सटेंशन ड्रेन तक नाला बनाने का प्रस्ताव भी शासन को भेजा गया है। महापौर सुनीता दयाल ने बताया कि शहर के ड्रेनेज सिस्टम को सुदृढ़ करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। पहले कई बड़े नालों का निर्माण नहीं हो सका था, लेकिन अब योजनाबद्ध तरीके से इन परियोजनाओं को आगे बढ़ाया जा रहा है। दो नालों के लिए मिली मंजूरी से जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। शाहबेरी में साउथ साइड औद्योगिक क्षेत्र रेलवे लाइन से एबीईएस कॉलेज होते हुए शाहबेरी तक 1752 मीटर लंबे कवर्ड नाले का निर्माण 131 करोड़ रुपये से किया जाएगा। इस परियोजना की खास बात यह है कि नाले के ऊपर सड़क भी बनाई जाएगी। इससे जल निकासी की समस्या दूर करने के साथ क्षेत्र में आवागमन को भी सुगम बनाने में मदद मिलेगी। महापौर ने कहा कि शाहबेरी में नाले के ऊपर सड़क निर्माण शहर के लिए महत्वपूर्ण परियोजना है। इससे स्थानीय लोगों के साथ गाजियाबाद से नोएडा की ओर आने-जाने वाले लोगों को भी राहत मिलेगी। जल निकासी की बेहतर व्यवस्था होने से क्षेत्र में जलभराव की समस्या से निपटने में मदद मिलेगी। कविनगर आरडीसी फ्लाईओवर से जैन मंदिर होते हुए विवेकानंद नगर तक 84 करोड़ रुपये की लागत से नाला बनाया जाएगा। महापौर के मुताबिक, विकसित कॉलोनियों के साथ बना पुराना नाला ईंटों का है और उसकी स्थिति खराब हो चुकी है। नए नाले के निर्माण से जल निकासी की व्यवस्था अधिक सुचारु बनाने में मदद मिलेगी। मोरटा गांव में जल निकासी की समस्या दूर करने के लिए बिजलीघर तालाब से मेरठ रोड भट्टा नंबर पांच मार्ग होते हुए राजनगर एक्सटेंशन ड्रेन तक नाला निर्माण का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। करीब 68 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना में 1080 मीटर कवर्ड और 2220 मीटर खुला नाला प्रस्तावित है। इसकी मंजूरी अभी शासन स्तर पर अपेक्षित है। महापौर सुनीता दयाल ने कहा कि स्थानीय लोगों की परेशानी को देखते हुए प्रस्ताव पर शासन स्तर पर बातचीत कर स्वीकृति दिलाने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शहर में जल निकासी और ड्रेनेज व्यवस्था को बेहतर बनाना प्राथमिकता है तथा नगर निगम के अधिकारी इन परियोजनाओं को आगे बढ़ाने में जुटे हैं।


