ट्रॉनिका सिटी की फैक्टरी में धधकी आग, तीसरी मंजिल के तीन शेड जलकर खाक

गाजियाबाद। ट्रॉनिका सिटी औद्योगिक क्षेत्र में सोमवार दोपहर वाहनों के फिल्टर बनाने वाली एक फैक्टरी में अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग फैक्टरी की तीसरी मंजिल पर बने तीन शेड में लगी और देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। आग की लपटें और धुआं उठता देखकर आसपास के लोगों में भी हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का अभियान शुरू किया। करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने आग पर पूरी तरह काबू पा लिया। राहत की बात यह रही कि हादसे में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। फैक्टरी में आग लगने के बाद वहां मौजूद कर्मचारियों ने शुरुआत में फैक्टरी में उपलब्ध अग्निशमन उपकरणों की मदद से आग पर काबू पाने का प्रयास किया। हालांकि आग तेजी से फैलने लगी, जिसके बाद कर्मचारियों को पीछे हटना पड़ा। कुछ ही देर में तीसरी मंजिल पर बने तीनों शेड आग की चपेट में आ गए। आसपास के लोगों ने फैक्टरी से निकलते घने धुएं को देखकर दमकल विभाग को घटना की सूचना दी। मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल के मुताबिक सोमवार दोपहर करीब 12:36 बजे फैक्टरी में आग लगने की सूचना दमकल विभाग को मिली। सूचना मिलते ही ट्रॉनिका सिटी से तीन, साहिबाबाद से दो और वैशाली से दो फायर टेंडर मौके के लिए रवाना किए गए। इसके अलावा खेकड़ा और बागपत से भी एक फायर टेंडर घटनास्थल पर पहुंचा। कुल आठ फायर टेंडरों की मदद से आग बुझाने का अभियान चलाया गया।
दमकल कर्मियों ने चारों तरफ से पानी की बौछार कर आग को नियंत्रित करने का प्रयास किया। आग फैक्टरी के अन्य हिस्सों और आसपास के क्षेत्र में न फैले, इसके लिए भी दमकल टीम ने विशेष सावधानी बरती। लगातार प्रयास के बाद आग की लपटों पर काबू पाया गया और स्थिति सामान्य की गई। आग की तीव्रता को देखते हुए दमकल कर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। तीसरी मंजिल पर बने शेड में आग फैलने के कारण दमकल टीम को लगातार पानी डालना पड़ा। करीब डेढ़ घंटे तक चले अभियान के बाद आग पूरी तरह बुझा दी गई। दमकल विभाग की त्वरित कार्रवाई से आग को फैक्टरी के अन्य हिस्सों में फैलने से रोक लिया गया। अधिकारियों के मुताबिक समय रहते आग पर नियंत्रण नहीं पाया जाता तो नुकसान और अधिक हो सकता था। आग बुझाने के बाद दमकल कर्मियों ने मौके पर दोबारा जांच की, ताकि कहीं कोई चिंगारी या सुलगता हुआ हिस्सा बाकी न रह जाए। यह फैक्टरी दिल्ली के मॉडल टाउन निवासी अंकित गुप्ता की बताई गई है। फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका है। दमकल विभाग की ओर से घटना के कारणों की जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद ही आग लगने की वास्तविक वजह सामने आ सकेगी। आग से फैक्टरी में कितना आर्थिक नुकसान हुआ है, इसका आकलन अभी नहीं किया गया है। तीसरी मंजिल पर बने तीन शेड आग की चपेट में आने से वहां रखे सामान और उपकरणों को नुकसान पहुंचने की आशंका है। फिलहाल दमकल विभाग की प्राथमिकता आग को पूरी तरह नियंत्रित करना और किसी तरह की जनहानि को रोकना रही। हादसे में किसी कर्मचारी या अन्य व्यक्ति के घायल होने की सूचना नहीं है।




