मेवाड़ में गूंजा राष्ट्रप्रेम का संदेश, समाज को मजबूत बनाने का आह्वान, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां

गाजियाबाद। वसुंधरा स्थित मेवाड़ ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के सभागार में 80वां स्वतंत्रता दिवस समारोह हर्षोल्लास और देशभक्ति की भावना के साथ आयोजित किया गया। समारोह में संस्थान के चेयरमैन डॉ. अशोक कुमार गदिया ने समाज को मजबूत बनाने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि समाज सबसे प्रमुख है और सरकार उसका एक अंग मात्र है। यदि समाज मजबूत होगा तो सरकार और देश भी स्वत: मजबूत होंगे। उन्होंने युवाओं को राष्ट्र और समाज के प्रति जिम्मेदार बनाने में शिक्षण संस्थानों और शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका बताई। डॉ. गदिया ने कहा कि आज समाज को मजबूत करने के लिए युवाओं को सही दिशा और प्रेरणा देना आवश्यक है। शिक्षण संस्थान इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। शिक्षक ही युवाओं को समाज और देश की मुख्यधारा से जोडऩे के साथ उनमें जिम्मेदारी और राष्ट्रसेवा की भावना विकसित कर सकते हैं। उन्होंने भारत के स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए अंग्रेजी शासन के दौरान देश की परिस्थितियों और आजादी के लिए भारतीयों द्वारा किए गए संघर्ष का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि देश की स्वतंत्रता अनगिनत वीरों के त्याग, संघर्ष और बलिदान का परिणाम है। विद्यार्थियों को इस विरासत को समझते हुए राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए। इससे पूर्व मेवाड़ ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस परिसर में डॉ. अशोक कुमार गदिया ने निदेशक डॉ. अलका अग्रवाल, प्रबंधन के प्रमुख अधिकारी अर्पित माहेश्वरी और उनके सुपुत्र अद्वैत माहेश्वरी के साथ ध्वजारोहण किया। राष्ट्रगान के दौरान उपस्थित विद्यार्थियों और शिक्षकों ने तिरंगे को सलामी दी। निदेशक डॉ. अलका अग्रवाल ने विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने का संदेश देते हुए कहा कि स्वस्थ और नशामुक्त युवा ही देश को मजबूत बनाने में प्रभावी भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, सकारात्मक सोच और जिम्मेदारी के साथ आगे बढऩे का आह्वान किया। स्वतंत्रता दिवस समारोह में विद्यार्थियों और अद्वैत माहेश्वरी ने विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर वातावरण को देशभक्तिमय बना दिया। विद्यार्थियों ने भाषण, देशभक्ति कविताएं, एकल गीत और समूह नृत्य की आकर्षक प्रस्तुतियां दीं। प्रस्तुतियों के माध्यम से विद्यार्थियों ने देश के प्रति प्रेम, सम्मान और गौरव की भावना को अभिव्यक्त किया। कार्यक्रम में मौजूद अतिथियों और शिक्षकों ने विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों की सराहना की। समारोह ने विद्यार्थियों को स्वतंत्रता के इतिहास से परिचित कराने के साथ राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों को समझने और समाज के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का संदेश दिया।




